देश के प्रतिष्ठित टाटा समूह के नमो कैंसर फाउंडेशन की ओर से अयोध्या में एक आधुनिक कैंसर चिकित्सालय हब स्थापित करने की तैयारी की जा रही है। इसी क्रम में टाटा समूह के छह सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने अयोध्या पहुंचकर विभिन्न स्थलों का निरीक्षण किया और संभावनाओं की तलाश की। राम मंदिर निर्माण समिति के अध्यक्ष नृपेंद्र मिश्र ने यह जानकारी दी है।
निर्माण समिति की बैठक सोमवार रामकथा संग्रहालय में हुई। बैठक से पहले नृपेंद्र मिश्र ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि स्व. रतन टाटा की परिकल्पना थी कि अयोध्या में नमो कैंसर फाउंडेशन के माध्यम से एक कैंसर चिकित्सालय हब विकसित किया जाए। इसी परिकल्पना को आगे बढ़ाते हुए अब फाउंडेशन ने जमीन की तलाश शुरू कर दी है। टाटा समूह के दल ने राज परिवार के सदस्य यतींद्र मिश्र से भी संपर्क किया। भूमि के संबंध में उनसे सहयोग की अपेक्षा की गई। मंडलायुक्त व जिलाधिकारी भी मौजूद थे। दल को छह से आठ एकड़ जमीन नि:शुल्क उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया गया है।
यतींद्र मिश्र ने बड़ा प्रस्ताव दिया है। उन्होंने कहा है कि यदि यह कैंसर हब उनके स्वर्गीय पिता बिमलेंद्र मोहन प्रताप मिश्र की स्मृति में बनाया जाता है तो वे इसके लिए छह से आठ एकड़ भूमि निशुल्क उपलब्ध कराएंगे। इस प्रस्ताव को राम मंदिर ट्रस्ट का भी सहयोग मिलने की बात कही गई है। राम मंदिर भवन निर्माण समिति के अध्यक्ष नृपेंद्र मिश्र ने बताया कि इस अस्पताल में न्यूनतम व्यय में मरीजों का इलाज किया जाएगा। उम्मीद है कि दो साल में यह अस्पताल बनकर तैयार हो जाएगा।









